Tuesday, November 11, 2008

खाकी वदी की निगाहे होगी कम्प्यूटर पर

कल तक इनकी पहचान खाकी और हाथ में लट्ठ से होती थी पर, सूचना प्रोद्योगिकी का दौर पुलिस का स्वरूप भी बदल रहा है। प्रदेश के समस्त पुलिस थानों को हाइटेक बनाने का अभियान गति पकडता जा रहा है। इसी के तहत इन दिनों जिले के सभी थानों में भी पुलिसकर्मियों को कम्प्यूटर प्रशिक्षण दिया जा रहा है। फिलहाल चुनावी कार्यक्रमों में व्यस्तता के चलते प्रशिक्षण स्थगित कर दिया गया है, जो चुनाव समाप्ति के बाद पुन: गति पकडेगा। अब तक 184 पुलिसकर्मियों ने प्रशिक्षण प्राप्त कर लिया है। शेष को भी चरणबद्ध तरीके से प्रशिक्षण दिया जाएगा। सीपा सॉफ्टवेयर के तहत होगा कार्यकेन्द्रीय गृह मंत्रालय की ओर से गठित पुलिस अघिकारियों के दल व नेशनल इन्फोरमेटिक्स सेन्टर ने कॉमन इन्टीग्रेटेड पुलिस एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर "सीपा" बनाया है। इसके तहत थाना स्तर पर हस्तलिखित रजिस्टरों के कार्य में कमी आएगी। साथ ही नकल एवं असंगत रिकार्ड से भी छुटकारा मिलेगा। इससे शेष अनुसंधान व न्यायालय में विचाराधीन प्रकरणों का लेखाजोखा व ताजा स्थिति की जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सकेगी। अपराध एवं अपराघियों की गतिविघियों से सम्बंघित विवरण भी संधारित किया जाएगा।

दहेज की लम्बी मांगों के आगे बेबस नरगिस

ससुराल के लोगों ने जो मांग रखी वह पूरी करती रही लेकिन उनकी मांगे दिन ब दिन लम्बी होती जा रही थी उन्हें पूरी कर पाना न तो मेरे और न मेरे पीहर पक्ष के बस की बात रही। अब तक दो लाख दे चुकी हूं, लेकिन अब पांच लाख की मांग कहां से पूरी करूं। यह कहानी है राजस्थान राज्य के उदयपुर जिला मुख्यालय पर ब्याही नरगिस की I राजनगर थाने में रिपोर्ट देते वक्त हालाकि पीड़िता नरगिस की आंखों से आंसू झलक रहे थे लेकिन उसे उम्मीद है कि इससे उसे न्याय जरूर मिल जाएगा। रजा कॉलोनी राजनगर निवासी नरगिस ने बताया कि उसका निकाह छह वर्ष पूर्व सिलावटवाडी उदयपुर निवासी मोहम्मद अनिस से हुआ। निकाह के वक्त उसके पिता ने 61 हजार के वेश, 20 तोला सोने और चांदी के आभूषण तथा घरेलू सामान दिया। इसके बावजूद पति मोहम्मद अनिस, ससुर सईद अहमद, देवर टिंकू, ननद शगुफ्ता, उदयपुर में शहनाज हुसैन ब्यूटी पार्लर की संचालिका शहनाज व ननदोई लियाकत हुसैन ने कम दहेज का ताना दिया। इस पर उसके पिता व भाई ने समझाइश की लेकिन उनके नहीं मानने पर दो लाख रूपए का चैक और विदाई के वक्त छह सोने की चैन दी। निकाह के बाद तीन माह तक ठीक रखा और उसके बाद से दहेज के लिए पुनः ताना देना शुरू कर दिया। वहीं पूर्व में दिए गए चैक को जब ससुराल पक्ष ने पेश किया तो रूपए नहीं होने से भुगतान नहीं हुआ। इस पर उक्त लोगों ने ताना देना शुरू किया । इससे परेशान होकर मेरे भाई सिराज ने 50 हजार का भुगतान किया और शेष एक लाख रूपए एक माह बाद उदयपुर जाकर भुगतान किया। दो लाख रूपए लेने के बावजूद ससुराल पक्ष के लोग संतुष्ठ नहीं हुए और राजसमंद क्षेत्र में एक खान आवंटित करवाने की मांग करने लगे। नरगिस ने बताया कि खान की बात को लेकर पति, ससुर, ननद व ननदोई परेशान करते रहते थे। इसी बीच उसके एक बेटी भी हुई जो आनुवांशिक रोग से ग्रस्त होने की वजह से उसका दोष भी उस पर मढते रहे। नरगिस ने बताया कि ससुराल पक्ष ने उसे जलाने का षड़यंत्र भी रचा लेकिन उसकी सजगता से वह कामयाब नहीं हो सके। नरगिस ने बताया कि करीब ढाई वर्ष पूर्व ससुराल पक्ष ने उसके जेवर उतरवा लिए और उसे व उसकी बेटी को राजनगर छोड कर चले गए। उक्त लोगों से काफी समझाइश करने का प्रयास किया लेकिन वह पांच लाख रूपए या खान आवंटित करने की मांग पर अडे हुए है।

Monday, November 10, 2008

अहमदाबाद से चुराए गए लाखो रुपए बरामद

राजस्थान राज्य के राजसमन्द जिले के पीपली डोडियान गांव में रेलमगरा थाना पुलिस ने रविवार रात को एक मकान से 11.97 लाख रूपए जब्त किए हैं। ये रूपए गुजरात के अहमदाबाद शहर में सर्राफा व्यवसायी के यहां काम करने वाले नौकरों ने गत सात नवम्बर को चुराए थे। अहमदाबाद से आए लोगों के दल ने पुलिस को बताया कि माणक चौक बाजार में सर्राफा दुकान लबदी गुलियन पर आमेट क्षेत्र के आईडाणा निवासी गणेशदास के पुत्र अर्जुनदास व प्रभुदास काम करते थे। गत छह नवम्बर को सर्राफा व्यवसायी चांदमल जैन बाहर गया था। इसी दौरान दोनों भाइयों ने काउण्टर तोड कर उसमें रखी चाबी निकाल ली और तिजोरी से 16 लाख 25 हजार रूपए चुराकर भाग गए। सर्राफा व्यवसायी चांदमल जैन ने इसकी सूचना पुलिस को न देकर अपने स्तर पर ही जांच शुरू की। वह अपने साथियों को लेकर आईडाणा पहुंचा, जहां पता चला कि अर्जुन व प्रभु पीपली डोडियान गांव में अपने मौसा के यहां है। व्यवसायी के पीपली डोडियान पहुंचने की भनक लगते ही अर्जुन व प्रभु वहां से भाग गए। पुलिस दल ने प्रथम जांच में पाया कि दोनों भाई अहमदाबाद से पीपली डोडियान गांव में अपने मौसा मांगीदास वैष्णव के घर आए थे। मांगीदास वैष्णव के मकान की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान एक कमरे में रखे कपास के ढेर में से नगदी से भरा बैग मिला जिसमें 11 लाख 97 हजार 300 रूपए पाए गए।

Sunday, November 9, 2008

इंदौर की जमीन बेचने के लिए धमकी देने वाले आरोपी ने किया विषाक्त सेवन

इंदौर स्थित करोडों की जमीन दस लाख रुपए बेचने के लिए राजसमन्द राजस्थान अधिवक्ता नीलेश पालीवाल को धमकी देने के मामले में गिरफ्तार आरोपी कपिल पालीवाल ने विषाक्त वस्तु का सेवन कर आत्महत्या करने का प्रयास किया।
सूत्रों ने बताया कि अधिवक्ता नीलेश पालीवाल को धमकी देने के आरोप में शनिवार को गिरफ्तार किए नाथद्वारा निवासी कपिल पुत्र रमेश पालीवाल को राजनगर थाना पुलिस ने रविवार दिन में मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया जहां से उसे 13 नवम्बर तक रिमाण्ड पर रखने के आदेश हुए। शाम को पुलिस का एक दल कपिल पालीवाल के घर से मोबाइल और सिम बरामद करने के लिए उसे लेकर नाथद्वारा पहुंची जहां पुलिस को चकमा देकर घर के अंदर पडा विषाक्त वस्तु का सेवन कर लिया। हालात बिगडने पर उसे चिकित्सालय पहुंचाया जहां से उसे उदयपुर के लिए रेफर कर दिया गया है।

श्रीनाथ जी के दर्शन कर अमिताभ बच्चन हुए भाव विभोर

सुपर स्टार अमिताभ बच्चन ने प्रभु श्रीनाथजी की राजभोग झांकी के दर्शन कर अपने स्वास्थ्य लाभ व सुखी जीवन की कामना की।सदी के महानायक अमिताभ बच्चन डबोक हवाई अड्डा से अपनी पत्नी जया बच्चन, मित्र व समाजवादी पार्टी के महासचिव अमर सिंह, रिलायंस उद्योग के प्रमुख अनिल अंबानी के साथ नाथद्वारा पहुंचे तथा चौपाटी बाजार से मोती महल चौक में उतरे जहां मंदिर मंडल के मुख्य निष्पादन अधिकारी एस.एल.नागदा एवं मंदिर मंडल के प्रबंधक दिनेश जोशी ने उनकी की अगवानी की।बाद में रतन चौक होते हुए सभी डोल तिबारी में पहुंचे तथा गोल डेहली के समक्ष खड़े होकर प्रभु श्रीनाथजी की राजभोग झांकी के तल्लिनता के साथ दर्शन किये। इस बीच मुखियाजी नरहरि ठाकर ने ठाकुरजी की आरती उतारी। इस दौरान ब्रजवासी युवकों ने गिरिराज धरण की जय के साथ पूछड़ी के लोठे की हूक- हूक प्यारे की जयघोष के बीच डोल तिबारी स्थल को गूंजा दिया।श्रीनाथजी के दर्शन का लाभ लेने के बाद बिग बी ने नवनीत प्रियाजी (लालन) के दर्शन की झांकी का आनंद उठाया। इस अवसर पर महाप्रभुजी की बैठक स्थल पर मंदिर के समाधानी दिनेश मेहता ने अमिताभ के माथे चीरा फेंटा बांधकर उपरना ओढ़ा प्रसाद भेंट कर समाधान किया साथ ही जया बच्चन, अमर सिंह, अनिल अंबानी व बिग बी की दौहित्री का भी समाधान किया।समाधान की रस्म के दौरान अमर सिंह की पत्नी, मंदिर मंडल के जनसम्पर्क अधिकारी अंबालाल लोढ़ा, मिराज प्रोडक्ट्स के प्रबंधक प्रकाश पालीवाल, सी.ए. दीपक परिहार, सीआई चमनसिंह राव, ब्रजवासी सेवक संघ के अध्यक्ष दादू पहलवान आदि उपस्थित रहे। समाधान की रस्म के पश्चात अमिताभ कार में सवार होकर डबोक हवाई अड्डा की ओर प्रस्थान कर गये।
स्वास्थ्य लाभ लेने उदयपुर आए सदी के महानायक अमिताभ बच्चन प्रभु श्रीनाथजी एवं मेवाड़ के आराध्य देव एकलिंगनाथजी के दर्शनोपरांत रविवार शाम डबोक एयरपोर्ट से मुम्बई प्रस्थान कर गए।यहां होटल उदयविलास में स्वास्थ्य लाभ ले रहे अमिताभ बच्चन रविवार सुबह प्रभु दर्शन करने अपनी पत्नी जया बच्चन को साथ लेकर होटल से रवाना होकर डबोक एयरपोर्ट पहुंचे।बच्चन दम्पत्ति डबोक एयरपोर्ट से अपने मित्र अमरसिंह व उनके परिवार तथा रिलायंस ग्रुप के अनिल अंबानी को साथ लेकर सड़क मार्ग से वाया मावली मार्ग होते हुए नाथद्वारा पहुंचे । यहां प्रभु श्रीनाथजी के दर्शन करने के पश्चात बच्चन दम्पत्ति, अमर सिंह का परिवार व अनिल अंबानी उदयपुर के लिए रवाना हुए । इस दरमियान इन्होंने रास्ते में कैलाशपुरी स्थित मेवाड़ के आराध्य देव भगवान एकलिंगनाथ के दर्शन किये। दर्शनोपरांत यहां से रवाना होकर ये लोग होटल उदय विलास पहुंचे और यहां से डबोक एयरपोर्ट। डबोक एयरपोर्ट से शाम 4 बजकर 15 मिनिट पर अमिताभ बच्चन, जया बच्चन व उनके सहयोगी मुम्बई प्रस्थान कर गए। अब तक अपनी सबसे लम्बी उदयपुर यात्रा के बाद बिग बी अमिताभ बच्चन रविवार शाम यहां से प्रस्थान कर गए मगर इस यात्रा के साथ वे वापस आने की संभावना भी छोड़ गए।अमिताभ बच्चन की दिली तमन्ना थी कि अपने पूरे परिवार के साथ वे प्रभु श्रीनाथजी के दर्शन करने नाथद्वारा जाए। मगर अभिषेक बच्चन के अचानक बीमार होने से ऐश्वर्या के साथ वे उदयपुर नहीं आ पाए। इस कारण पूरे परिवार के साथ श्रीनाथजी के दर्शन करने की अमिताभ की तमन्ना अधूरी ही रह गई। ऐसे में ये संभावना जताई जा रही है कि वे आने वाले दिनों में कभी भी पूरे परिवार के साथ श्रीनाथजी के दर्शन करने पुनः उदयपुर की यात्रा पर आ सकते है। पांच दिवसीय उदयपुर प्रवास के दौरान बिग बी होटल उदयविलास में अपने कमरे से बाहर ही नहीं निकले, इस कारण उनके प्रशंसक उनकी झलक पाने में सफल नहीं हो पाए। कई प्रशंसक तो सुबह-शाम पिछोला के आस-पास चक्कर काट यह टकटकी लगाए रहे कि हो सकता है बिग बी पिछोला में बोटिंग करने आएं और उनकी एक झलक दिख जाए। मगर ऐसे प्रशंसकों को भी कोई सफलता नहीं मिल पाई।

Saturday, November 8, 2008

परिवार प्रबंधन का सीरियल है जस्सू बेन जयंती लाल जोशी की जॉइंट फेमेली

एनडीटीवी इमेंजिंग पर सोमवार से गुरुवार को रात दस बजे दिखाए जाने वाला जस्सू बेन जयंती लाल जोशी की जॉइंट फेमेली धारावाहिक सही मायनों में परिवार प्रबंधन का सीरियल है। वर्तमान दौर में टेलीविजन पर आने वाले दिखाए जाने वाले कार्यक्रमों में परिवार के सदस्यों के बीच साजिष और षडयंत्र का खेल खेला जाता है और ऐसे धारावाहिक को देखने के बाद मध्यमवर्गीय परिवारों में साजिष भी होने की खबरे आम हो जाती है। इन धारावाहिकों से संयुक्त परिवार टूटते जाते है। वहीं इन धारावाहिकों में समाज में घट रही घटनाओं से इतर जो सामग्री परोसी जा रही है वह भी आम लोगों को हजम करना काफी मुिष्कल है।
ऐसे में जस्सू बेन जयंती लाल जोशी की जॉइंट फेमेली धारावाहिक न केवल भारतीय सभ्यता और संस्कृति का परिचायक है अपितु एक संयुक्त परिवार का प्रबंधन कैसे होता है इसका बखूबी से चित्रण किया है। हालांकि यह धारावाहिक मातृ सत्तात्मक है और मुख्य किरदार जस्सूबेन किस तरह अपने संयुक्त परिवार को बांधे रखा है इसका अच्छा सा उदाहरण प्रस्तुत किया है। धारावाहिक में कानपोर बा नामक महिला विलेन के रूप में है जिसे जस्सूबेन की परिवार के प्रति की गई व्यवस्थाओं पर नाराजगी रहती है और वह परिवार का प्रबंधन अपने हाथ में लेना चाहती है। हालांकि एक बार जस्सूबेन और अन्य परिजनों की सहमति से कानपोर बा के हाथ में परिवार प्रबंधन चला भी गया लेकिन कानपोर बा के प्रबंधन से न केवल परिवार टूटता रहा अपितु कानपोर बा भी एक भारी मुसीबत में फंसते-फंसते रह गई। धारावाहिक के अन्य किरदार शैलेष, प्रोफेसर चंद्रकांत गीता राजु भाई पिनाकीन नंदिनी पुष्पा और बालक वर्ग में केदार ने अपनी भूमिका को बखूबी निभाया है। संयुक्त परिवार में आने वाली समस्याओं के समाधान के प्रति प्रत्येक सदस्य का क्या दायित्व होता है प्रत्येक सदस्य अपना क्या योगदान दे सकता है। इसका भी अनुपम चित्रण से यह धारावाहिक अब लोगों का चहेता बनता जा रहा है।

इन्दोर में करोडो रुपये की भूमि बेचने के लिए वकील को दी धमकी

राजस्थान राज्य के राजसमन्द जिले में अधिवक्ता नीलेश पालीवाल को सेल फोन से धमकी देकर इंदौर में राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित उसकी करोड़ों रूपए की पैतृक जमीन को मात्र दस लाख रूपए में बेचने के लिए बाध्य करने के मामले में राजनगर थाना पुलिस ने मामले की सघन जांच कर अधिवक्ता के फूफेरे भाई को गिरफ्तार किया।पुलिस अधीक्षक संतोष चालके ने बताया कि अधिवक्ता नीलेश पालीवाल ने रिपोर्ट दी कि गत 20 अक्टूबर को उनके सेल फोन नम्बर 9414171719 पर किसी गुरू नामक व्यक्ति ने अपने सेल फोन नम्बर 9610615813 से सम्पर्क किया। गुरू ने सेल फोन पर धमकी दी कि नीलेश पालीवाल की दादीजी पार्वती बाई के नाम पर इंदौर (मध्यप्रदेश के राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित करोड़ों रूपए की जमीन को दस लाख रूपए में बेचें अन्यथा नीलेश को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। गुरू इसके बाद क ई बार पालीवाल को सेल फोन पर धमकी देता रहा। पुलिस उपाधीक्षक मनीष पुलिस निरीक्षक गोवर्द्धन लाल ने इस मामले की जांच करते हुए गुरू नामक सेल फोन नम्बर ट्रेस किया तो यह नम्बर नाथद्वारा निवासी रमाकांत पुत्र आनंदी लाल शास्त्री के नाम पर होना पाया गया। पुलिस ने पूछताछ की तो सामने आया कि रमाकांत ने उक्त नम्बर की सिम खरीदी ही नहीं हैं। इस पर पुलिस ने जलचक्की कांकरोली स्थित वोडाफोन के कार्यालय से जानकारी ली तो उन्होंने बताया कि सेल्समेन पंकज सेन द्वारा नाथद्वारा स्थित रॉयल्स ऐजंसी के कपिल पालीवाल को उक्त नम्बर की सिम देने की बात सामने आई। नाथद्वारा निवासी कपिल पालीवाल पुत्र रमेश जो कि अधिवक्ता नीलेश पालीवाल का फूफेरा भाई भी है से पूछताछ की तो उसने धमकी देने का जुर्म कबूल किया। पुलिस ने कपिल पालीवाल को गिरफ्तार कर लिया है। उसे रविवार को अदालत में पेश किया जाएगा। पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में कपिल पालीवाल ने यह भी बताया कि उसने इंदौर वाली जमीन को बेचने के लिए पार्वती देवी की ओर से फर्जी पॉवर ऑफ एटोर्नी भी तैयार की।गुमराह करता रहा पुलिस को ः पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में कपिल पालीवाल पुलिस को गुमराह करते हुए सिम के बारे में अनजान बनता रहा लेकिन पुलिस ने उसे मनोवैज्ञानिक तौर पर पूछताछ करने पर उसने सारे घटनाक्रम का खुलासा कर दिया। फर्जीवाडे का मामला भी ः कपिल पालीवाल के खिलाफ शुक्रवार को पार्वती सनाढ्य ने भी मामला दर्ज करवाया। पार्वती के अनुसार कपिल ने अपने सहयोगी दीपेश जैन के सहयोग से फर्जी पॉवर ऑफ एटोर्नी बनाई और इंदौर स्थित जमीन को इंदौर निवासी प्रमोद शुक्ला को बेच दी। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। धमकी देने का तीसरा मामला ः जिले में पिछले एक सप्ताह में करोडों रूपए के लिए धमकी देने का यह तीसरा मामला है। इससे पहले नाथद्वारा में मिराज प्रोडक्ट के निदेशक मदन लाल पालीवाल को 15 करोड की फिरौती के लिए ईमेल पर धमकी दी। इसके बाद कांकरोली बस स्टेण्ड क्षेत्र निवासी अम्बालाल पालीवाल को धमकी देकर दो करोड की मांगे गए। तीनों मामलों का पुलिस ने राजफाश करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।