Friday, May 29, 2009

25 रु. की रिश्वत, 20 साल बाद सुप्रीम कोर्ट से बरी

बीस वर्ष पहले 25 रुपए की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार केरल के कर्मचारी सुबैर को सुप्रीम कोर्ट ने आरोप मुक्त कर दिया है। सुबैर आरटीओ में पदस्थ था। उसे अप्रैल 1989 में मुनाफ से 25 रु. की रिश्वत लेने का आरोप में गिरफ्तार किया गया था।
शीर्ष कोर्ट की जस्टिस वीएस सिरपुरकर व आरएम लोढा की वेकेशन बेंच ने अभियोजन पक्ष द्वारा पेश सबूतों को ठोस नहीं मानते हुए सजा कायम रखने के लिए इन्हें अपर्याप्त बताया। तिरुअनंतपुरम की स्थानीय कोर्ट ने सुबैर को दोषी ठहराते हुए छह माह की सजा सुनाई थी। बाद में हाईकोर्ट ने भी इस सजा को बरकरार रखा था। लेकिन दोनों कोर्ट में मामले की सुनवाई में 15 वर्ष गुजर गए। सुबैर ने न्याय के लिए 2004 में सुप्रीम कोर्ट के समक्ष गुहार लगाई थी।BHA